अभयवाणी समाचार
लालबर्रा, बालाघाट शासकीय महाविद्यालय लालबर्रा में मानसिक स्वास्थ्य एवं वेलनेस कार्यक्रम के अंतर्गत विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाने तथा मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन एवं पूजन-अर्चन के साथ हुआ। महाविद्यालय की प्रभारी प्राचार्य डॉ. संगीता मेश्राम ने विद्यार्थियों को मानसिक स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने, सकारात्मक सोच विकसित करने तथा भावनात्मक रूप से परेशान व्यक्तियों की पहचान कर उनकी मदद करने के लिए प्रेरित किया।
राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी डॉ. प्रदीप कुमार भिमटे ने कहा कि जीवन में आने वाली कठिन परिस्थितियां स्थायी नहीं होतीं। तनाव, असफलता, अकेलेपन या पारिवारिक समस्याओं के समय परिवार, मित्र, शिक्षक अथवा विशेषज्ञ से संवाद कर अपनी बात साझा करनी चाहिए।
समाजशास्त्र के सहायक प्राध्यापक डॉ. निर्मल कीर्ति गेड़ाम ने आत्महत्या की समस्या का समाजशास्त्रीय दृष्टिकोण प्रस्तुत किया। क्रीड़ा अधिकारी डॉ. हृषिकेश पटेल ने प्रेरणादायी कहानी के माध्यम से विद्यार्थियों को कठिन परिस्थितियों का धैर्य एवं सकारात्मक सोच के साथ सामना करने का संदेश दिया। उन्होंने योग, प्राणायाम, ध्यान एवं व्यायाम को दैनिक जीवन में शामिल करने के लिए भी प्रेरित किया।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. कामाक्षा बिसेन ने किया तथा आभार प्रदर्शन श्रीमती अनिभा शरणागत ने किया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के अधिकारी-कर्मचारी एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
