अभयवाणी न्यूज
शासकीय शंकरसाव पटेल (एसएसपी) महाविद्यालय, वारासिवनी में स्वामी विवेकानंद कैरियर मार्गदर्शन प्रकोष्ठ के तत्वावधान में भारतीय स्टेट बैंक स्थापना दिवस उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य डॉ. एस.एस. गेडाम एवं प्रकोष्ठ प्रभारी प्रो. नरेन्द्र कुमार डोंगरे के नेतृत्व में आयोजित हुआ, जिसमें बैंकिंग क्षेत्र की उपयोगिता, डिजिटल सुरक्षा और रोजगार के अवसरों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि भारतीय स्टेट बैंक, वारासिवनी शाखा के प्रबंधक हितेन्द्र पटेल, विशिष्ट अतिथि आरबीओ मंडला के प्रतिनिधि श्रेयांस कुमार सिंगोर तथा एसबीआई के सेवानिवृत्त बैंक प्रबंधक रामनाथ पटेल रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत में आधुनिक बैंकिंग व्यवस्था के अग्रदूत डॉ. बाबा साहेब आंबेडकर के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया।
मुख्य अतिथि हितेन्द्र पटेल ने भारतीय बैंकिंग प्रणाली के विकासक्रम पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय स्टेट बैंक केवल वित्तीय सेवाएं ही नहीं, बल्कि कौशल विकास, प्रशिक्षण और विभिन्न कार्यशालाओं के माध्यम से युवाओं को बैंकिंग क्षेत्र में बेहतर अवसर उपलब्ध कराने का कार्य भी कर रहा है।
विशिष्ट अतिथि श्रेयांस कुमार सिंगोर ने डिजिटल युग में बढ़ते साइबर अपराधों पर चिंता व्यक्त करते हुए विद्यार्थियों को सुरक्षित ऑनलाइन बैंकिंग, डिजिटल भुगतान और साइबर सुरक्षा के महत्वपूर्ण उपायों से अवगत कराया। वहीं सेवानिवृत्त बैंक प्रबंधक रामनाथ पटेल ने बैंकिंग व्यवस्था को देश की अर्थव्यवस्था की धड़कन बताते हुए कहा कि मजबूत बैंकिंग प्रणाली किसी भी राष्ट्र की आर्थिक प्रगति की आधारशिला होती है।
महाविद्यालय की वरिष्ठ प्राध्यापिका डॉ. सरिता कोल्हेकर ने विद्यार्थियों को बैंकिंग क्षेत्र में उपलब्ध करियर संभावनाओं की जानकारी देते हुए इस क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। प्रभारी प्राचार्य डॉ. एस.एस. गेडाम ने अपने संबोधन में कहा कि आज के दौर में प्रत्येक नागरिक के लिए बैंकिंग व्यवस्था और वित्तीय साक्षरता का ज्ञान आवश्यक हो गया है।
कार्यक्रम में डॉ. रक्षा निकोसे, हेमंत कुमार गणवीर, कृष्णा पराते, हिमांशु गुरदे, नेहा मर्सकोले, डॉ. योगेश बिसेन, डॉ. तपेश चैरे, शिखा देवगीरकर, शिल्पा वासनिक, पराग पालेवार, सुनील कुमार चैरे एवं संतोष गोखले सहित महाविद्यालय के प्राध्यापक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रो. नरेन्द्र कुमार डोंगरे ने किया।
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