कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में सोमवार को आयोजित समय-सीमा (टीएल) बैठक में कलेक्टर श्री मृणाल मीना ने विभिन्न विभागों के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को जनहित से जुड़े कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अभिषेक सराफ, अपर कलेक्टर श्री डी.पी. बर्मन, संयुक्त कलेक्टर श्री राहुल नायक एवं श्री मायाराम कोल, डिप्टी कलेक्टर श्री प्रदीप कौरव, एसडीएम श्री गोपाल सोनी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। जिले के सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी तथा नगरीय निकायों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में शामिल हुए।बैठक में कलेक्टर ने जिले के जर्जर शासकीय भवनों की स्थिति पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि जो भवन या दीवारें मरम्मत योग्य नहीं हैं, उन्हें तत्काल हटाया जाए। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी एवं महिला एवं बाल विकास विभाग को स्पष्ट निर्देश दिए कि किसी भी स्कूल या आंगनवाड़ी केंद्र का संचालन जर्जर भवनों में न किया जाए तथा मरम्मत योग्य भवनों का कार्य प्राथमिकता से पूरा कराया जाए।
मानसून के मद्देनज़र बिजली व्यवस्था की समीक्षा करते हुए मध्य प्रदेश विद्युत मंडल के अधिकारियों को बारिश एवं आंधी-तूफान के दौरान निर्बाध विद्युत आपूर्ति बनाए रखने, झूलते बिजली तारों को तत्काल दुरुस्त करने तथा सभी तहसीलों में विभागीय टीमों को सतर्क रखने के निर्देश दिए गए।
लोक निर्माण विभाग एवं प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अधिकारियों को सड़कों, पुलों और पुल-पुलियों पर जलभराव की स्थिति पर सतत निगरानी रखने के निर्देश देते हुए कलेक्टर ने कहा कि कहीं भी जलभराव के कारण यातायात बाधित नहीं होना चाहिए। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। वहीं जनजातीय कार्य विभाग को छात्रावासों एवं विद्यालयों का निरीक्षण कर छत से पानी टपकने जैसी समस्याओं का तत्काल निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान किसानों को निर्धारित दर पर पर्याप्त उर्वरक एवं गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया। साथ ही वनाधिकार अधिनियम (एफआरए) के सभी पट्टाधारियों को शासन की योजनाओं का लाभ दिलाने, किसान क्रेडिट कार्ड बनवाने तथा पात्र हितग्राहियों का प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना में पंजीयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। समग्र ई-केवाईसी की समीक्षा में बताया गया कि 92 हजार के लक्ष्य के मुकाबले अब तक 31 हजार हितग्राहियों की ई-केवाईसी पूरी हो चुकी है। कलेक्टर ने शेष कार्य 25 जुलाई तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए।
बैठक में संबल योजना, श्रमयोगी मानधन योजना, पीएम विश्वकर्मा योजना तथा प्रधानमंत्री स्वरोजगार योजना के लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण पर भी जोर दिया गया। समग्र आईडी संशोधन से संबंधित कटंगी एवं खैरलांजी जनपद की अधिक शिकायतों को देखते हुए विशेष अभियान चलाकर उनका निराकरण करने के निर्देश दिए गए।
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