“सिर्फ डेढ़ एकड़ ज़मीन… और मुनाफा साढ़े चार लाख रुपए!” रायसेन जिले के बेगमगंज विकासखण्ड के ग्राम भुरेरू के किसान ओमप्रकाश कुशवाह ने पारम्परिक गेहूं और सोयाबीन की खेती छोड़कर टमाटर की उन्नत खेती अपनाई और अपनी तकदीर बदल दी। उद्यानिकी विभाग की योजना का लाभ लेते हुए उन्होंने उन्नत किस्म के बीज, मल्चिंग और ड्रिप सिंचाई तकनीक का इस्तेमाल किया। पहले जहां पारम्परिक फसलों में सीमित उत्पादन और कम लाभ मिलता था, वहीं टमाटर की खेती से उन्हें लगभग 350 क्विंटल उत्पादन मिला और मंडी में बिक्री से करीब 6 लाख रुपए की आय हुई। लगभग डेढ़ लाख रुपए लागत निकालने के बाद शुद्ध लाभ रहा करीब साढ़े चार लाख रुपए। ओमप्रकाश कुशवाह ने उद्यान विस्तार अधिकारी अमाशंकर कुशवाह से मार्गदर्शन लेकर यह कदम उठाया और आज वह क्षेत्र के किसानों के लिए प्रेरणा बन गए हैं। उनका कहना है कि सरकार की योजनाओं और उन्नत तकनीक का सही उपयोग कर किसान कम समय में अपनी आय बढ़ा सकते हैं, और अब वे टमाटर के साथ अन्य सब्जियों की खेती भी कर रहे हैं।

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