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| पूर्व विधायक किशोर समरीते |
लांजी (बालाघाट)।
संयुक्त क्रांति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं लांजी-किरनापुर विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक किशोर समरीते ने बालाघाट जिले में हाल ही में एक बाघ और तीन तेंदुओं की मौत को लेकर चिंता जताई है। उन्होंने इस मामले को गंभीर बताते हुए राज्य सरकार से स्थिति स्पष्ट करने के लिए श्वेत पत्र जारी करने की मांग की है।
किशोर समरीते ने अपने बयान में कहा कि एक माह के भीतर बाघ और तेंदुओं की मौत वन्यजीव संरक्षण व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि बाघ संरक्षण से जुड़े विभिन्न सरकारी कार्यक्रमों के बावजूद इस तरह की घटनाएं होना चिंताजनक है।
उन्होंने आरोप लगाया कि जिले में वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए बड़ी संख्या में वन अधिकारी और कर्मचारी तैनात हैं, लेकिन रात्रि गश्त और निगरानी व्यवस्था को लेकर अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है। उनका कहना है कि यदि नियमित गश्त और निगरानी होती, तो इस प्रकार की घटनाओं को रोका जा सकता था।
किशोर समरीते ने संबंधित अधिकारियों की टूर डायरी, वाहन लॉग बुक और विभागीय अभिलेखों की जांच कराने की मांग की। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदारी तय करने की आवश्यकता बताई।
उन्होंने यह भी कहा कि बालाघाट जिले में वन एवं वन्यजीव संरक्षण के लिए प्रतिवर्ष बड़ी राशि खर्च की जाती है, ऐसे में उसके प्रभाव और उपयोग को लेकर पारदर्शिता जरूरी है। इसी आधार पर उन्होंने सरकार से श्वेत पत्र जारी कर वास्तविक स्थिति जनता के सामने रखने की मांग की है।
इस संबंध में वन विभाग अथवा राज्य सरकार की ओर से समाचार लिखे जाने तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया प्राप्त नहीं हो सकी है।
