लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की मजबूती पत्रकारों की एकजुटता और निष्पक्ष कलम में निहित है। इसी संदेश के साथ रविवार को सारनी स्थित लक्ष्मी लॉन में मध्यप्रदेश श्रमजीवी पत्रकार संघ की सारनी ब्लॉक इकाई की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में पत्रकारों के अधिकारों की रक्षा, संगठन को मजबूत बनाने, बदलते दौर की चुनौतियों का सामना करने तथा पत्रकारों के हितों से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तार से मंथन किया गया।
बैठक की अध्यक्षता जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह ने की। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संघ की प्रांतीय सचिव एवं महिला प्रकोष्ठ की प्रमुख गौरी बालापुरे उपस्थित रहीं। विशिष्ट अतिथियों में प्रदेश पदाधिकारी अब्दुल रहमान, जिला महासचिव बबलू चड्डा सहित बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे।
मुख्य अतिथि गौरी बालापुरे ने अपने संबोधन में कहा कि पत्रकारिता समाज का दर्पण है और पत्रकारों की सबसे बड़ी शक्ति उनकी निष्पक्ष कलम तथा संगठनात्मक एकता है। उन्होंने कहा कि यदि पत्रकार संगठित रहेंगे तो किसी भी चुनौती का मजबूती से सामना कर सकेंगे। उन्होंने महिला पत्रकारों की सक्रिय भागीदारी को समय की आवश्यकता बताते हुए कहा कि संगठन सभी पत्रकार साथियों के अधिकारों और सुरक्षा के लिए सदैव प्रतिबद्ध है।
जिला अध्यक्ष रंजीत सिंह ने कहा कि आज पत्रकारों को विभिन्न स्तरों पर अनेक चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे समय में संगठन की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्होंने कहा कि संगठन प्रत्येक पत्रकार के साथ मजबूती से खड़ा है तथा सारनी ब्लॉक इकाई को और अधिक सक्रिय एवं सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जाएंगे।
प्रदेश पदाधिकारी अब्दुल रहमान ने कहा कि संगठन की वास्तविक ताकत उसकी जमीनी इकाइयों में होती है। पत्रकारिता के गिरते मानकों और पत्रकारों पर बढ़ते दबाव के बीच संगठित होकर कार्य करना समय की आवश्यकता है। उन्होंने पत्रकार सुरक्षा कानून लागू करने की मांग को भी दोहराते हुए उच्च नैतिक मूल्यों के साथ पत्रकारिता करने का आह्वान किया।
बैठक के दौरान प्रांतीय सचिव बनने पर गौरी बालापुरे का शाल-श्रीफल, पुष्पगुच्छ एवं बाबा महादेव की प्रतिमा भेंट कर सम्मान किया गया। इस अवसर पर संगठन के विस्तार, नए सदस्यों को जोड़ने तथा आगामी कार्यक्रमों की रूपरेखा पर भी विस्तृत चर्चा की गई।
अंत में ब्लॉक अध्यक्ष अशोक बारंगे ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित पत्रकारों का आभार व्यक्त किया। बैठक में विलास चौधरी, छबिनाथ भारद्वाज, संदीप झापटे सहित बड़ी संख्या में पत्रकार साथी उपस्थित रहे।
👉 अभयवाणी की राय 👈
पत्रकारों की एकता केवल संगठन की मजबूती नहीं, बल्कि लोकतंत्र की मजबूती का भी आधार है। निष्पक्ष, निर्भीक और जिम्मेदार पत्रकारिता तभी संभव है जब पत्रकार सुरक्षित, संगठित और सम्मानित हों।
