बुंदेला राजपरिवार का बड़ा सामाजिक निर्णय: अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के आग्रह पर मृत्यु भोज पर विराम


बेगमगंज:
 
क्षेत्र में सामाजिक सुधार की दिशा में अहम कदम उठाते हुए डुंगरिया, चांदोडा, गुलवाड़ा और देवलापुर के बुंदेला राजपरिवार ने मृत्यु भोज न करने के प्रस्ताव पर सहमति प्रदान की है। अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा बेगमगंज–सुल्तानगंज के वरिष्ठजन रविवार को डुंगरिया पहुंचे, जहां उन्होंने स्व. संजय बुंदेला (पूर्व जनपद सदस्य) के असमय निधन पर श्रद्धांजलि अर्पित की और परिजनों से समाजहित में मृत्यु भोज न करने का आग्रह किया।

महासभा ने बताया कि मृत्यु भोज जैसी परंपराएं कई परिवारों पर आर्थिक और सामाजिक रूप से अनावश्यक भार डालती हैं। इसी कारण उन्होंने बुंदेला राजपरिवार से इस परंपरा को समाप्त करने का निवेदन किया, जिसे परिवार ने पूरी गंभीरता और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ स्वीकार किया।

परिवार के प्रतिनिधि राज सिंह बुंदेला (भाई) और देवराज सिंह बुंदेला (पुत्र) ने अपने सभी परिजनों से चर्चा कर सामूहिक सहमति के साथ मृत्यु भोज बिल्कुल न करने का निर्णय सार्वजनिक रूप से घोषित किया। यह निर्णय न केवल परिवार के भीतर बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरक संदेश है, जो समाज सुधार और व्यर्थ खर्चों के विरोध में बड़ी पहल मानी जा रही है।

इस दौरान अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के सभी वरिष्ठजन उपस्थित रहे और उन्होंने बुंदेला राजपरिवार के इस साहसिक निर्णय की सराहना की। उनका कहना था कि ऐसी पहलें समाज को नई दिशा देने और चेतना बढ़ाने का काम करती हैं।

बुंदेला राजपरिवार का यह कदम क्षेत्र में सकारात्मक परिवर्तन और सामाजिक जागरूकता को मजबूती देने वाला ऐतिहासिक निर्णय माना जा रहा है।




एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

Copyright (c) 2020 abhaywani All Right Reseved