तामिया में झोलाछापों का राज — स्वास्थ्य विभाग लापरवाह, ग्रामीणों में आक्रोशग्रामीण बोले: कार्रवाई नहीं हुई तो करेंगे आंदोलन

तामिया में झोलाछापों का राज — स्वास्थ्य विभाग लापरवाह, ग्रामीणों में आक्रोश
फ़ाइल कॉपी
ग्रामीण बोले: कार्रवाई नहीं हुई तो करेंगे आंदोलन

मनेश साहु, तामिया/छिंदी।
आदिवासी बहुल तामिया क्षेत्र में स्वास्थ्य व्यवस्था की कमजोरियाँ एक बार फिर उजागर हुई हैं। ग्रामीणों के अनुसार क्षेत्र में कई कथित झोलाछाप व गैर-प्रशिक्षित लोग खुलेआम इंजेक्शन और दवाइयाँ दे रहे हैं।

मीडिया टीम द्वारा पूछताछ के दौरान एक कथित झोलाछाप ने दावा किया कि—
“हम ऊपर तक पैसा देते हैं, इसलिए किसी से डरते नहीं।”
यह बयान स्वास्थ्य विभाग पर गंभीर सवाल उठाता है।

छिंदी क्षेत्र में भी एक अन्य व्यक्ति द्वारा बिना योग्यता इलाज किए जाने की जानकारी मिली। पूछने पर उसका कहना था—
“ऐसे ही यहां सब इलाज करते हैं, रोकने वाला कोई नहीं है।”

बीएमओ और स्वास्थ्य विभाग पर ग्रामीणों के सवाल

ग्रामीणों का कहना है कि तामिया बीएमओ केवल औपचारिकता निभाते हैं, जबकि वास्तविक कार्रवाई नहीं होती। उनका आरोप है कि विभाग की लापरवाही किसी बड़ी घटना को आमंत्रण दे सकती है।

ग्रामीणों की चेतावनी

ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की—

झोलाछापों पर कड़ी कार्रवाई की जाए

फर्जी क्लीनिकों को तुरंत बंद कराया जाए

गांवों में योग्य डॉक्टर व स्वास्थ्य सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाएँ


ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि समय पर कदम नहीं उठाए गए, तो वे बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

إرسال تعليق

0 تعليقات

Copyright (c) 2020 abhaywani All Right Reseved